एक दिन हम जुदा हो जायेंगे ना जाने कहाँ खो जायेंगे

❁┋दिल को छु लेने वाली बात┋❁
*एक दिन हम जुदा हो जायेंगे*
          *ना जाने कहाँ खो जायेंगे*
*तुम लाख पुकारोगे हमको*
          *पर लौट कर हम ना आयेंगे*
*थक हार के दिन के कामों से*
          *जब रात को सोने जाओगे*
*जब देखोगे अपने फोन को*
          *पैगाम मेरा ना पाओगे*
*तब याद तुम्हें हम आयेंगे*
          *पर लौट के ना आ पायेंगे*
*इक रोज ये रिश्ता छूटेगा*
          *फिर कोई न हम से रूठेगा*
❉━✠ ✥ ✠━❉
*पर हम ना आँखें खोलेंगे*
          *तुम से कभी ना बोलेंगे*
*आखिर उस दिन तुम रो दोगे*
          *एे दोस्त मुझे तुम खो दोगे*
    *"कद्र"* करनी है तो *"जीते जी"* करें
*"मरने"* के बाद तो *"पराए"* भी रो देते हैं
आज *"जिस्म"* मे *"जान"* है तो
        देखते नही हैं *"लोग"*
जब *"रूह"* निकल जाएगी तो
          *"कफन"* हटा हटा कर देखेंगे
*किसी ने क्या खूब लिखा है*
            *"वक़्त"* निकालकर
*"बाते"* कर लिया करो *"अपनों से"*
अगर *"अपने ही"* न रहेंगे
          तो *"वक़्त"* का क्या करोगे
*"गुरुर"* किस बात का... *"साहब"*
आज *"मिट्टी"* के ऊपर
          तो कल "मीट्टीकै नीचे.

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